बाबू एल. पी.एस. पब्लिक स्कूल में “क्रिसमस सेलिब्रेशन” का हुआ आयोजन

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मनीष अवस्थी


जिसमे बच्चों ने मानव सृंखला द्वारा क्रिसमस ट्री बनाकर सेंटा के साथ गिफ्ट बाटे।


रायबरेली हरचन्दपुर। स्थित बाबू एल. पी. एस. पब्लिक स्कूल में “क्रिसमस सेलिब्रेशन” का कार्यक्रम आयोजन किया गया जिसमे सभी बच्चो ने बहुत ही बढ़ चढ़ के भाग व प्रतिभाग लिया |इस अवसर पर विद्यालय की प्रथानाध्यापिका श्रीमति सपना श्रीवास्तावा ने बच्चो को क्रिश्मस के दिन के महत्व को बताया उन्होंने बताया की यह “ ईसाइयों का सबसे बड़ा त्योहार है”। ईसाई समुदाय के लोग इस त्योहार को बहुत धूमधाम और उल्लास के साथ मनाते हैं। यह त्योहार हर वर्ष 25 दिसंबर को मनाया जाता है। इसी दिन प्रभु ईसा मसीह या जीसस क्राइस्ट का जन्म हुआ था। क्रिसमस के दिन ईसाई लोग अपने घर को भलीभांति सजाते हैं। क्रिसमस की तैयारियां पहले से ही होने लगती हैं। बाजारों की रौनक बढ़ जाती है, घर और बाजार रंगीन रोशनियों से जगमगा उठते हैं। चर्च में विशेष प्रार्थनाएं होती हैं। लोग अपने रिश्तेदारों एवं मित्रों से मिलने उनके घर जाते हैं। सभी एक-दूसरे को उपहार देते हैं। इस दिन आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। इसकी विशेष सज्जा की जाती है। इस त्योहार में केक का विशेष महत्व है। लोग एक-दूसरे को केक खिलाकर पर्व की बधाई देते हैं।
इस अवसर पर विद्यालय में एक विशेष अकर्ष्ण का केंद्र सांताक्लाज बना रहा सांताक्लाज बच्चों को टॉफियां- चोकलेट आदि उपहार दिए । बच्चो ने भी सांताक्लाज अंकल को अपनी मनोइक्षा एक सुन्दर ग्रीटिंग में लिख कर दी, और बच्चो ने सांताक्लाज अंकल को ग्रीटिंग में मनचाही चीजो को लिख पूरा करने की प्रार्थना की |ऐसा कहा जाता है कि सांताक्लाज स्वर्ग से आता है और लोगों को मनचाही चीजें उपहार के तौर पर देकर जाता है। सांताक्लाज अंकल ने बच्चो के साथ व आए हुए सभी अभिभावकों के साथ सेल्फी भी ली |
विद्यालय के विशेष सलाहकार एडवोकेट विकास श्रीवास्तव ने बच्चो को जीसस क्राइस्ट के जीवन के बारे में और अधिक जानकारी देते हुए बताया की जीसस क्राइस्ट एक महान व्यक्ति थे और उन्होंने समाज को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने दुनिया के लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया था। इन्हें ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। उस समय के शासकों को जीसस का संदेश पसंद नहीं था। उन्होंने जीसस को सूली पर लटका कर मार डाला था। ऐसी मान्यता है कि जीसस फिर से जी उठे थे। इस दिन अन्य धर्मों के लोग भी चर्च में मोमबत्तियां जलाकर प्रार्थना करते हैं।
बाबू एल. पी.एस. पब्लिक स्कूल के अध्यापक आकाश श्रीवास्तव ने सभी छात्र व छात्राओं का उत्सहवर्धन किया | विद्यालय के अध्यापिका सजिया ने विद्यालय के सभी बच्चो के आज के कार्यक्रम में भाग लेने वाले बच्चो का उत्सहवर्धन कर कार्यक्रम का समापन किया | इस अवसर पर विद्यालय के सभी अध्यापक व अध्यापिकाये मोनिका, मोहिनी, तसनीम, समिया,सृद्धा,अनन्या ,पारुल ,दीपा,मंजरी व गरीमा आदि लोग उपस्थित थे|

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